. Sri Dasam Granth Sahib Verse
SearchGurbani.com

Sri Dasam Granth Sahib Verse

ਚਿਤ੍ਰ ਦੇਵਿ ਇਕ ਰਾਨਿ ਨਗਰ ਮੈ ॥

चित्र देवि इक रानि नगर मै ॥


ਰਾਂਝਾ ਏਕ ਪੂਤ ਤਿਹ ਘਰ ਮੈ ॥

In the city a Rani named Chitardevi, there used to live who had this son named Ranjah.

रांझा एक पूत तिह घर मै ॥


ਤਾ ਕੇ ਔਰ ਨ ਬਚਿਯੋ ਕੋਈ ॥

ता के और न बचियो कोई ॥


ਮਾਇ ਪੂਤ ਵੈ ਬਾਚੇ ਦੋਈ ॥੪॥

Except those two, the mother and the son, none had survived.(4)

माइ पूत वै बाचे दोई ॥४॥